परिचय
कुलदीप चतुर्वेदी
वैदिक ज्योतिषी और वास्तु सलाहकार, उदयपुर। आप उदयपुर आकर मिल सकते हैं या कहीं से भी ऑनलाइन बात कर सकते हैं, हिन्दी में या अंग्रेज़ी में।
आपकी बात किससे होगी
हर बार मुझसे ही
मैं 35 साल से कुंडली और वास्तु का काम कर रहा हूँ। उदयपुर में रहता हूँ। बचपन जयपुर में बीता और पढ़ाई राजस्थान विश्वविद्यालय से की।
मेरे लिए ज्योतिष देखने-परखने और समय की गणना का शास्त्र है। लोग मेरे पास वैसे ही आते हैं जैसे किसी भी जानकार के पास जाते हैं। कोई उलझन होती है और उसका सीधा, कारण सहित जवाब चाहिए होता है। आप ज्योतिष को कितना मानते हैं, यह आपकी अपनी बात है।

कुंडली देखने के बाद
कुंडली देख ली, अब करना क्या है?
मैं कुंडली का फल बताकर बात ख़त्म नहीं कर देता। जब तक यह साफ़ न हो जाए कि अब आपको करना क्या है, तब तक हम आपके सवाल पर बात करते हैं।
पहले असली सवाल ढूँढ़ता हूँ
लोग अक्सर “कब होगा” पूछने आते हैं। बात करते-करते पता चलता है कि मन में असली सवाल “करूँ या न करूँ” या “किसलिए करूँ” है। मैं उसी तक पहुँचने में मदद करता हूँ।
समय देखकर तैयारी बताता हूँ
अभी क्या करना है, किस बात की तैयारी रखनी है, और दशा बदलने तक किस काम को हाथ नहीं लगाना है।
कठिन समय में साथ देता हूँ
हर कठिन समय शुरू होता है तो ख़त्म भी होता है। वह कब तक चलेगा और उसमें क्या करना ठीक है, यह पता हो तो उसे काटना आसान हो जाता है। मेरी सलाह सीधी होती है: धीरज रखिए, तैयारी कीजिए, रोज़ की आदतें ठीक रखिए।
जहाँ ज्योतिष का काम नहीं, वहाँ कह देता हूँ
अगर आपका सवाल डॉक्टर या वकील के पास ले जाने का है, या आपकी अपनी समझ से तय होने का है, तो मैं साफ़ कह दूँगा।
आगे फिर कोई बड़ा फ़ैसला आए तो आ जाइए। बात मुझसे ही होगी, और आपकी कुंडली मेरी देखी हुई होगी।
अपना सवाल लेकर आइए।
बताइए, किस बात का फ़ैसला करना है। मैं जवाब में बता दूँगा कि कब बात हो सकती है।